सारंगढ़ बिलाईगढ़

सरकारी आयोजन के 3 दिन बीतने के बाद भी खेलभाटा मैदान बना कचरागढ़

प्रतिदिन खेल अभ्यास करने वाले बच्चे आखिर कहां अभ्यास करें,,,,, ?

खेलभाटा मैदान में पहले खेल आयोजन व खिलाड़ियों को महत्व मिले निजी कार्यक्रम अन्यत्र हो – जिला खेल संघ

सारंगढ़ बिलाईगढ़ न्यूज़/ सारंगढ़ का एकमात्र रियासत कालीन खेल भाटा मैदान एक बार फिर कार्यक्रमों के गंदगियों की भेंट चढ़ गया है और यहां निरंतर खेल अभ्यास करने वाले हमारे देश के युवा भविष्य मैदान की दुर्दशा पर आंसू बहा रहे हैं। जिला खेल संघ और जिले के वरिष्ठ खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों ने जिला प्रशासन से मांग की है की खेलभाटा मैदान को खेल के लिए खेल आयोजनों के लिए प्रथम प्राथमिकता दें, राजनीतिक या अन्य कार्यक्रम अन्यत्र भी कराया जा सकते हैं अत्यधिक भीड़ संख्या की स्थिति में सारंगढ़ शासकीय कॉलेज आईटीआई कॉलेज टीसीपीसी मंडी परिसर साप्ताहिक बाजार ऑफिसर्स क्लब हाउस परिसर जैसे कई विशाल मैदान खाली पड़े हैं निरंतर यहां टेंट लगने और बजरी मुरूम डस्ट डालने से खेल मैदान के घास गायब हो रहे हैं। बच्चों को अभ्यास में परेशानियां हो रही है, कई शासकीय और निजी खेल आयोजनों में खिलाड़ियों को खेल के समय मैच के समय परेशानियां उठानी पड़ती है। सरकार एक तरफ खेलों को बढ़ावा देने के लिए खेल में हमारे युवा भविष्य खिलाड़ियों को भारत का नाम रोशन करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है वहीं जिला प्रशासन की एक छोटी सी भूल से कहीं ना कहीं खेल, खेल मैदान और खिलाड़ियों को नुकसान पहुंच रहा है। इसके पूर्व भी जिला प्रशासन में कई बड़े अधिकारी आए और खेल मैदान की स्थिति परिस्थितियों को खिलाड़ियों के सहयोग से संधारित और सुरक्षित किया, स्वच्छ किया है। मगर जिस तरह से विगत दिनों में निरंतर एक ही खेल मैदान में सरकारी और निजी कार्यक्रमों का आयोजन खेल, खेल मैदान और खिलाड़ियों के लिए एक बड़ा प्रश्न चिन्ह बनकर रह गया है। आयोजन तो होते हैं मगर आयोजन के बाद जो गंदगियां जो कचरा जो गड्ढे मैदान में कई दिनों तक बने रहते हैं। उससे कई दिनों का खेल अभ्यास अन्य आयोजन भी खराब होता है प्रशासन के पास समस्त प्रशासन तंत्र होने के बाद भी आज तीन दिन उपरांत भी खेल भाटा मैदान में प्लास्टिक के पानी पाउच कचरे गोबर और गड्ढे की स्थिति बनी हुई है शायद मीडिया के माध्यम से आयोजक और प्रशासन इस दिशा पर सार्थक पहल करें।

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